चिली, शुष्क मिर्च में डेजर्ट का आकर्षण
विश्व मानचित्र को देखने पर रचनात्मक दृष्टि संपन्न लोगों ने उसमें पृथ्वी के समस्त भूभाग में फुटबॉल खेलती एक मासूम बिल्ली की आकृति की कल्पना की है। गौर से देखने पर यह दिखाई भी देता है। भारत के नक्शे में हम भारत माता को तिरंगा थामे खड़े अनुभव करते हैं। अनेक देश प्रदेशों ने अपने भूभाग में किसी न किसी चीज या प्रिय के प्रतीकात्मक आकार महसूस किया है।चिली देश के मानचित्र में मिर्च की कल्पना की गई है, जो दुनिया का सबसे बड़ा मिर्च उत्पादक देशों में से एक है। इसी तरह, अन्य देशों के मानचित्र में भी विभिन्न वस्तुओं, प्राणियों या प्रतीकों की कल्पना की गई है।
इटली का मानचित्र एक बूट की तरह दिखता है। ऑट्रेलिया का मानचित्र एक हाथी की तरह, फ्रांस का मानचित्र एक षट्भुज की तरह ,श्रीलंका का मानचित्र आंसू की एक बूंद की तरह, जापान का मानचित्र एक ड्रैगन की तरह दिखता है। कोस्टारिका का मानचित्र एक पेंसिल की तरह दिखता है। क्यूबा का मानचित्र मगरमच्छ की तरह, आइसलैंड का मानचित्र एक बड़े पत्थर की तरह और ग्रीस का मानचित्र एक हाथ की तरह दिखाई देता है।
इसी तरह दक्षिण अमेरिका के पश्चिमी तट पर स्थित चिली भी अपनी अनोखी भौगोलिक स्थिति और बनावट में एक मिर्ची के रूप में दिखाई देता है। जो दुनिया का सबसे बड़े मिर्च उत्पादक देशों में से भी एक है। यह देश अपनी विविधता के लिए जाना जाता है। यह दुनिया का सबसे लंबा देश है, जो 4,300 किलोमीटर से अधिक लंबा है, लेकिन इसकी औसत चौड़ाई केवल 180 किलोमीटर है।
एक बड़ी पतली मिर्च के आकार वाले देश चिली के नाम के पीछे कई कहानियां और सिद्धांत प्रचलित हैं, लेकिन सबसे लोकप्रिय कहानी यह है कि देश का नाम चिली शब्द से आया है, जो कि मैपुचे भाषा से लिया गया है। मैपुचे दक्षिणी चिली में रहने वाले स्वदेशी समुदाय हैं। एक सिद्धांत के अनुसार, चिली शब्द का अर्थ है "जहां पृथ्वी समाप्त होती है "या "पृथ्वी का अंत"। यह नाम संभवतः मैपुचे लोगों द्वारा दिया गया था, जो चिली को अपनी पृथ्वी की सीमा मानते थे। एक अन्य कहानी के अनुसार, चिली का नाम चिली पेप्पर से आया है, जो कि देश में पाया जाने वाला एक प्रकार की मिर्च है। स्पेनिश विजेताओं ने इस मिर्च को चिली कहा, और बाद में यह नाम पूरे देश के लिए उपयोग किया जाने लगा। एक अन्य सिद्धांत के अनुसार, चिली का नाम इंका भाषा के शब्द चिली से आया है, जिसका अर्थ है ठंड या बर्फ। यह नाम संभवतः इंका साम्राज्य के दौरान दिया गया था, जब उन्होंने चिली को अपने साम्राज्य का हिस्सा बनाया था । वस्तुतः इन सब कहानियों से उसके अनोखे मिर्ची आकार के कारण ही मान्यता मिलती है।
चिली में तीन मुख्य भौगोलिक क्षेत्र हैं, अटाकामा डेसर्ट (उत्तर), सेंट्रल वैली (मध्य), और पैटागोनिया (दक्षिण)। देश में कई सक्रिय ज्वालामुखी और भूकंप-प्रवण क्षेत्र हैं। चिली की राजधानी सैंटियागो है, जो सेंट्रल वैली में स्थित है। चिली एक उच्च-आय वाली अर्थव्यवस्था है, जो मुख्य रूप से तांबे के निर्यात पर निर्भर है। देश में लिथियम, सोना और अन्य खनिजों के भंडार भी हैं। चिली की अर्थव्यवस्था 2024 में 2.6% की दर से बढ़ी है। चिली की आबादी लगभग 18.66 मिलियन है, जिसमें से 88% लोग शहरी क्षेत्रों में रहते हैं।यहां उच्च जीवन प्रत्याशा (80.3 वर्ष) और उच्च साक्षरता दर है। चिली में एक मजबूत मध्यम वर्ग है, लेकिन अभी भी आय असमानता एक समस्या है।
पर्यटनीय दृष्टि से चिली में कई प्राकृतिक आकर्षण हैं। अटाकामा डेसर्ट, पैटागोनिया, और ईस्टर द्वीप और कई राष्ट्रीय उद्यान और संरक्षित क्षेत्र भी हैं जिनमें पर्यटक निरंतर आते रहते हैं। राजधानी सैंटियागो स्वयं एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल है, जो अपने सांस्कृतिक और ऐतिहासिक आकर्षणों के लिए जाना जाता है ।
विश्व साइकिल यात्री साइकिल बाबा के डॉ राज और नोमेडिक टूर के तौरवशु के ट्रैवल वीडियोस के जरिए हमने चिली की आभासी यात्रा में यहां के प्रमुख स्थलों और विशेषताओं को देखने समझने की कोशिश की। खासतौर से चिली में स्थित अटाकामा रेगिस्तान के प्रमुख स्थल बहुत प्रभावित करते हैं।
दुनिया भर में फैले रेगिस्तान पृथ्वी के सबसे रहस्यमयी और अद्भुत हिस्सों में से हैं। ये केवल रेत के ढेर नहीं हैं, बल्कि अपनी भौगोलिक बनावट और जलवायु के कारण एक-दूसरे से काफी भिन्न हैं। उत्तरी अफ्रीका का सहारा दुनिया का सबसे बड़ा गर्म रेगिस्तान है, चीन और मंगोलिया में फैला गोबी रेगिस्तान बेहद ठंडा और ऊंचे पहाड़ों और बर्फीली सर्दियों के लिए प्रसिद्ध है। दुनिया का सबसे बड़ा और ठंडा ध्रुवीय रेगिस्तान अंटार्कटिक है जो दक्षिण ध्रुव पर स्थित है। हमारे भारत और पाकिस्तान में स्थित थार मरुस्थल सबसे अधिक जनसंख्या वाला रेगिस्तान है।
चिली में स्थित अटाकामा रेगिस्तान को दुनिया का सबसे सूखा (Non-polar) स्थान माना जाता है। इसकी कुछ अनूठी विशेषताएं इसे अन्य रेगिस्तानों से बिल्कुल अलग बनाती हैं। अत्यधिक शुष्क इस रेगिस्तान के कुछ हिस्सों में सैकड़ों सालों से एक बूंद बारिश भी नहीं हुई है। यहाँ की मिट्टी इतनी सूखी है कि इसकी तुलना मंगल ग्रह (Mars) की मिट्टी से की जाती है। यही कारण है कि नासा (NASA) यहाँ अपने मार्स रोवर का परीक्षण करता है।
यह एंडीज पर्वतमाला और चिली कोस्ट रेंज के बीच स्थित है। एंडीज पर्वत पूर्व से आने वाली नमी को रोक देते हैं (Rain Shadow Effect), जिससे यहाँ बारिश की संभावना लगभग शून्य हो जाती है।बारिश न होने के बावजूद, समुद्र की ओर से आने वाला घना कोहरा (जिसे स्थानीय भाषा में 'कैमंचका' कहते हैं) यहाँ के जीवन का आधार है। यहाँ के लोग और कुछ विशेष पौधे 'फॉग हार्वेस्टर' जालों के जरिए इस कोहरे से पानी इकट्ठा करते हैं। सहारा जैसे रेगिस्तान दिन में बहुत गर्म होते हैं, लेकिन अटाकामा का तापमान साल भर काफी सुहावना (औसतन 18°C से 22°C) रहता है, हालांकि रातें बहुत ठंडी होती हैं। यह दुनिया के सबसे बड़े तांबे और लिथियम के भंडारों में से एक है। अत्यधिक सूखे के कारण, यहाँ के कुछ हिस्सों में बैक्टीरिया तक जीवित नहीं रह पाते, जो इसे सहारा या थार की तुलना में अधिक बंजर बनाता है।
अटाकामा अपनी 'परग्रही' (Alien-like) बनावट के कारण पर्यटकों और वैज्ञानिकों के लिए स्वर्ग के समान है। हमारे प्रिय ब्लॉगरों के वीडियोस के जरिए हमने कई स्थलों को देखा। वैली ऑफ द मून (Valle de la Luna) की चट्टानें और नमक के ऊँचे टीले बिल्कुल चंद्रमा की सतह जैसे दिखते हैं। सूर्यास्त के समय यहाँ का नजारा अद्भुत होता है। एल टाटियो गीजर (El Tatio Geysers) दुनिया के सबसे ऊँचे गीजर क्षेत्रों में से एक है, जहाँ सुबह-सवेरे जमीन से गर्म पानी के फव्वारे निकलते हैं। तारामंडल और खगोल विज्ञान के लिए उपयुक्त साफ़ आसमान और प्रदूषण मुक्त वातावरण के कारण अटाकामा स्टारगेजिंग (Stargazing) के लिए दुनिया की सबसे अच्छी जगह है। यहाँ दुनिया की सबसे बड़ी दूरबीनें (जैसे ALMA) स्थित हैं। हाथ की विशाल आकृति (Mano del Desierto) जो रेगिस्तान के बीचों-बीच बनी हुई है पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र है। साइकिल बाबा डॉ राज यहां अपनी साइकिल को इसी मूर्ति के पास खड़ा कर कैंप लगाकर पूरी रात इस निर्जन स्थल पर बिताते हैं और सुबह की किरणों के साथ सुंदर सूर्योदय के दर्शन करा देते हैं।
ये सच है कि चिली जैसे दूरस्थ देश तक पहुंचना ही किसी भारतीय आम पर्यटक के लिए बहुत कठिन और खर्चीला होता है। लेकिन घुमक्कड़ों के माध्यम से यहां की आभासी सैर भी बहुत कुछ जानने समझने का अवसर तो दे ही देती है।
ब्रजेश कानूनगो
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